बजट अपडेट-सरकार कर रही है युवाओ को नोकरी के साथ बिजनेसमैन बनाने की तैयारी,देखो पूरी खबर

वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने पंडित दीनानाथ कौल द्वारा रचित कविता के माध्यम से बजट सत्र को संबोधित करते हुए जता दिया था कि वह देश के लिए क्या रूप-रेखा तैयार कर रही हैं। उन्होंने कविता पढ़ी- हमारा वतन खिलते हुए शालीमार बाग जैसे, हमारा वतन डल झील में खिलते हुए कमल जैसा,नवजवानों के गर्म खून जैसा, मेरा वतन, तेरा वतन, हमारा वतन दुनिया का सबसे प्यारा वतन।
इसके साथ ही उन्होंने बता दिया कि युवाओं के लिए उनकी क्या योजना है। उन्होंने कहा कि भारत में इंटरप्रेन्योरशिप प्राचीन काल से रही है। भारत को इसे किसी भी देश से सीखने की जरूरत नहीं है। देश के युवा नौकरी नहीं, व्यापार करना चाहता है। निवेश को आसान बनाने के लिए इन्वेस्टमेंट सेल बनाई जाएगी।
उन्होंने कहा कि युवाओं को मछली पालन से जोड़ने की योजना है। मछली कृषक उत्पादक तैयार किए जाएंगे। जल्दी खराब होने वाली चीजों जैसे दूध, मांस आदि के जल्द परिवहन के लिए विशेष ट्रेन चलाई जाएंगी।
मोबाइल इलेक्ट्रॉनिक्स पर जोर दिया जाएगा। युवाओं को इस दिशा में काम करने के लिए प्रोत्साहित किया जाएगा। युवाओं को आगे बढ़ाने के लिए लैंड बैंक की जानकारी दी जाएगी। एक पोर्टल के जरिए वो सभी जानकारियां दी जाएंगी, जिनकी उन्हें जरूरत होती है।
हेल्थकेयर सेक्टर में रोजगार के अवसर
वहीं, हेल्थकेयर के क्षेत्र में मिशन इंद्रधनुष 12 बीमारियों से लड़ता है। फिट इंडिया मूवमेंट भी चल रहा है। स्वच्छ भारत मिशन भी चल रहा है। पीएम जनआरोग्य योजना के तहत 20 हजार से ज्यादा अस्पताल पैनल में हैं। हम इसे बढ़ाएंगे। पीपीपी मोड में अस्पताल बनाए जाएंगे। इससे बड़ी संख्या में रोजगार मिलेगा। पीपीपी मॉडल पर मेडिकल कॉलेज खोले जाएंगे। इस तरह डॉक्टरों की कमी की पूर्ति की जाएगी।
पहले भारत चिकित्सकीय उपकरणों का आयात करता था, लेकिन भारत अब विश्वस्तरीय उपकरण बना रहा है। इस क्षेत्र को और भी मदद की जरूरत है। मेडिकल सेक्टर के लिए आयात किए जाने वाले उपकरणों पर चिकित्सा सेस लगाया जाएगा। इसके सेस के जरिए इंफ्रास्ट्र्रक्चर मजबूत बनाया जाएगा और मेक इन इंडिया की पॉलिसी को आगे बढ़ाते हुए नए रोजगार के अवसर तैयार किए जाएंगे।
इंफास्ट्रक्चर सेक्टर के लिए 103 लाख करोड़ प्रोजेक्ट का ऐलान किया गया था। 22 हजार करोड़ दिए जा चुके हैं। 6500 करोड़ और जारी किए जा रहे हैं। डिप्लोमा के लिए साल 2021 तक नए संस्थान खोले जाएंगे। शिक्षा के लिए एफडीआई लाया जाएगा।
Next Post Previous Post
No Comment
Add Comment
comment url

sr7themes.eu.org